पंजीयन विभाग द्वारा शहरी क्षेत्र में दो फीसदी छूट देने से इस बार 1 अप्रैल से 31 दिसंबर तक 1180 रजिस्ट्री ज्यादा हुईं। वरिष्ठ जिला पंजीयक श्री दोहरे ने कहा कि सिर्फ दिसंबर महीने में ही 6192 दस्तावेज पंजीयन हुए हैं। यह वर्ष 2019 दिसंबर की तुलना में दोगुना हैं। गत वर्ष 3173 दस्तावेज पंजीयन हुए थे।
उन्होंने कहा कि दो फीसदी की छूट के कारण इस साल दिसंबर तक विभाग को 251.02 करोड़ की आय हुई है जबकि गत वर्ष कम दस्तावेज पंजीयन होने के बाद भी 278.39 करोड़ रुपए मिले थे। 1 अप्रैल से 31 दिसंबर तक इस वर्ष कुल 32 हजार 677 रजिस्ट्री हुई हैं जबकि गत वर्ष यह संख्या 31 हजार 497 थी। छूट को लेकर गुरुवार रात तक स्थिति साफ नहीं की गई।
इसी कारण भ्रम की स्थिति बनी। वरिष्ठ जिला पंजीयक डीएन दोहरे ने कहा कि मुख्यालय से छूट आगे जारी रहेगी, इसे लेकर कोई आदेश अभी नहीं मिला है। पंजीयन के एक्सपर्ट मनीष मंगल ने कहा कि गुरुवार को कई सर्विस प्रोवाइडरों ने स्लॉट बुक किए। उन्होंने कहा कि 5 जनवरी तक स्लॉट बुकिंग फुल हो चुकी है। बुक हुए स्लॉट में 10.50% ड्यूटी सॉफ्टवेयर में दिखाई दे रही है।
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
Source From
RACHNA SAROVAR
CLICK HERE TO JOIN TELEGRAM FOR LATEST NEWS

Post a Comment