शहर में शनिवार को कोविड-19 की वैक्सीन लगाने का ड्राय रन (मॉकड्रिल) किया गया। गांधी नगर सामुदायिक केंद्र, कोलार स्थित जेके अस्पताल और गोविंदपुरा डिस्पेंसरी में 75 में से 73 स्वास्थ्यकर्मियों को टीका लगाया गया। ड्राय रन में 62 महिलाएं और 11 पुरुष को वैक्सीन लगाई गई। इनमें दो डॉक्टर, दो सीएचओ, 9 एमपीडब्ल्यू और 62 आशा शामिल थीं।
हेल्थ कमिश्नर संजय गोयल के मुताबिक ड्राय रन में एक घंटे में 17 स्वास्थ्यकर्मियों को टीके लगे। हमारा टारगेट छह घंटे में 100 लोगों को टीका लगाया जाएगा। हितग्राही को टीका लगने के बाद जो एसएमएस मिला उसमें अभी यह पता नहीं चल रहा कि कौन सी वैक्सीन दी गई। चिकित्सा शिक्षा मंत्री विश्वास सारंग ने बताया कि वैक्सीनेशन की प्रक्रिया में पूरी सावधानियां बरती जा रही हैं। कोई तकनीकी खराबी आएगी तो उसे तत्काल दूर किया जाएगा।
जेके अस्पताल- 4-5 मिनट से ज्यादा वक्त लगा तो मना कर दिया
सुबह 9.03 बजे ड्राय रन शुरू हुआ। 11 बजे तक 24 स्वाथ्यकर्मियों को टीका लगाया गया। कालापानी में सीएचओ पदस्थ क्षमा शुक्ला जैसे ही वैक्सीनेटर के पास पहुंची तो जैकेट उतारने को कहा गया। जैकेट उतारी तो एप्रिन और फुल आस्तीन का सूट पहना हुआ था। ऐसे में 4-5 मिनट से ज्यादा देर हुई तो उन्हें वैक्सीन नहीं लगाई गई।
सिविल डिस्पेंसरी- वैक्सीन के दौरान महिला बेहोश हुई, 108 से तुरंत भेजा
गोविंदपुरा स्थित इस डिस्पेंसरी में सुबह 25 लोगों को टीके लगाए गए। वैक्सीन लगने के सवा घंटे बाद 11:30 बजे एक महिला संजना बेहोश हो गई। जिसे 108 एंबुलेंस से एडवर्स रिएक्शन फॉलोइंग इम्यूनाइजेशन सेंटर भेजा गया। हालांकि, यह भी मॉकड्रिल का ही हिस्सा था।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र- आधा घंटे की देरी से शुरू हुआ वैक्सीनेशन, 24 काे लगे टीके
सुबह 9.03 बजे ड्राय रन शुरू हुआ। 11 बजे तक 24 स्वाथ्यकर्मियों को टीका लगाया गया। कालापानी में सीएचओ पदस्थ क्षमा शुक्ला जैसे ही वैक्सीनेटर के पास पहुंची तो जैकेट उतारने को कहा गया। जैकेट उतारी तो एप्रिन और फुल आस्तीन का सूट पहना हुआ था। ऐसे में 4-5 मिनट से ज्यादा देर हुई तो उन्हें वैक्सीन नहीं लगाई गई।
ये प्रमुख खामियां हुईं उजागर
1. वैक्सीनेशन की जानकारी पोर्टल पर दर्ज करने मैनुअल देनी पड़ी सूचना।
2.कई स्वास्थ्यकर्मी रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर लेकर नहीं पहुंचे थे। ऐसे में वैक्सीन लगने के बाद जो एसएमएस आया वे उसे नहीं दिखा पाए।
3.ऑब्जरवेशन रूम में जगह की कमी।
4.ठंड की वजह से कई लोग स्वेटर जैकेट और फुल बांह के कपड़े पहन के आए जिससे वैक्सीनेशन में देरी हुई।
5. वैक्सीन के दौरान सोशल डिस्टेंसिंग नदारद।
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
Source From
RACHNA SAROVAR
CLICK HERE TO JOIN TELEGRAM FOR LATEST NEWS

Post a Comment