header ads

बिना परीक्षा प्रमोट नहीं होंगे एमबीबीएस छात्र, अगले लेवल में जाने के लिए एग्जाम होगा जरूरी

सुरेन्द्र स्वामी | जयपुर
कोविड-19 महामारी के बीच एक तरफ जहां विश्वविद्यालयों में छात्रों को बिना परीक्षा के ही अगली कक्षा में प्रवेश दिया जा रहा है, वहीं मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया नई दिल्ली ने मेडिकल कॉलेजों में एमबीबीएस करने वालों को परीक्षा देना अनिवार्य किया है। जिसके तहत किसी भी बैच को अगले लेवल में बिना परीक्षा के प्रमोट नहींं किया जाएगा। हैल्थ यूनिवर्सिटी और मेडिकल कॉलेजों को एमबीबीएस परीक्षा आयोजित करवाना और इसमें हरेक स्टूडेंट का शामिल होना अनिवार्य है। अंतिम वर्ष के ऐसे सभी छात्रों को जिनकी सप्लीमेन्ट्री परीक्षा वर्ष 2020 के पहले 6 माह के दौरान आयोजित होनी थी। उनकी जल्द से जल्द परीक्षा आयोजित की जाएगी। एमसीआई के सेकेट्री जनरल डॉ.आर.के.वत्स की ओर से एडवाइजरी जारी की गई है। एडवाइजरी के अनुसार सरकार की ओर से कॉलेज खुलने की अनुमति के दो माह के अंदर प्रैक्टिकल, लैब और अन्य एमबीबीएस कोर्स की परीक्षाएं करानी होंगी। उसके बाद करीब एक महीने में एमबीबीएस फर्स्ट ईयर की परीक्षा हो। एक्सपर्ट का कहना है कि एमसीआई का निर्णय बिल्कुल सही है। मेडिकल स्टूडेंट्स को प्रमोट करने से भविष्य में मिलने वाले डॉक्टर्स की क्वालिटी पर असर पड़ेगा।

आधे फिजिकल रूप से उपस्थित होंगे, आधे वीसी के जरिए

एमसीआई बोर्ड ऑफ गवर्नर्स ने मेडिकल की एमबीबीएस परीक्षा में कुछ छूट दी है। यह छूट एक्सटर्नल के लिए परीक्षक की नियुक्ति और परीक्षा पैटर्न को लेकर दी गई है। यूनिवर्सिटी पीजी मेडिकल अंतिम वर्ष की तर्ज पर ही एमबीबीएस परीक्षा कराएं। एक्सटर्नल एग्जामिनर्स राज्य के बाहर से उपलब्ध न हों, तो उसी राज्य की दूसरी यूनिवर्सिटी से परीक्षक बुला सकते हैं। इन एक्सटर्नल को परीक्षा की जगह पर शारीरिक रूप से उपस्थित होना होगा। यह संभव नहीं है, तो आधे परीक्षक जगह पर उपस्थित होंगे बाकी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से शामिल होंगे।

एग्जाम के लिए बनाई गई कमेटी
हैल्थ एंड साइंस यूनिवर्सिटी की ओर से परीक्षा के लिए कमेटी का गठन किया गया है। जो मेडिकल कॉलेज की स्थिति, कोरोना संक्रमण की स्थिति और विशेषज्ञ की राय लेकर रिपोर्ट देगी। इसके बाद एग्जाम की तारीखों पर अंतिम निर्णय लिया जाएगा।

एमसीआई का निर्णय सही
एसएमएस मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. सुधीर भंडारी व अतिरिक्त प्राचार्य डॉ.दीपक माथुर के अनुसार मेडिकल प्रोफेशन काफी संवेदनशील है। मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया की ओर से लिया गया निर्णय पूरी तरीके से सही है।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
प्रतीकात्मक फोटो।


Source From
RACHNA SAROVAR
CLICK HERE TO JOIN TELEGRAM FOR LATEST NEWS

Post a Comment

[blogger]

MKRdezign

Contact Form

Name

Email *

Message *

Powered by Blogger.
Javascript DisablePlease Enable Javascript To See All Widget